कोलकाता। All India Trinamool Congress में अंदरूनी विवाद गहराता नजर आ रहा है। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद अब पार्टी के भीतर नेतृत्व को लेकर असंतोष खुलकर सामने आने लगा है। पार्टी सुप्रीमो Mamata Banerjee के एक फैसले ने टीएमसी सांसदों के बीच नई बहस छेड़ दी है।
दरअसल, लोकसभा में पार्टी के मुख्य सचेतक (चीफ व्हिप) पद से काकोली घोष दस्तीदार को हटाकर Kalyan Banerjee को नियुक्त किए जाने के बाद कई सांसद नाराज बताए जा रहे हैं। खासकर महिला सांसदों ने इस फैसले पर आपत्ति जताई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, महिला सांसदों का मानना है कि कल्याण बनर्जी पर पहले भी महिला नेताओं के साथ कथित अभद्र व्यवहार के आरोप लग चुके हैं।
लोकसभा में टीएमसी के 28 सांसद हैं, जिनमें 11 महिला सांसद शामिल हैं। ऐसे में महिला सांसदों की नाराजगी पार्टी नेतृत्व के लिए चुनौती बन सकती है। बताया जा रहा है कि यह फैसला ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पर हुई पार्टी की बैठक में लिया गया था।
गौरतलब है कि कल्याण बनर्जी इससे पहले भी विवादों में रह चुके हैं। पिछले साल टीएमसी सांसद Mahua Moitra के साथ उनकी तीखी नोकझोंक चर्चा में रही थी। महुआ मोइत्रा ने उनके कथित विवादित बयानों पर सार्वजनिक रूप से कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। विवाद बढ़ने के बाद कल्याण बनर्जी को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
अब दोबारा उनकी नियुक्ति के बाद पार्टी के भीतर असंतोष और तेज हो गया है। राजनीतिक हलकों में इसे टीएमसी के लिए नए अंदरूनी संकट के रूप में देखा जा रहा है।